रिहायशी संपत्तियों के व्यावसायिक दुरुपयोग पर सख्त हुआ सुप्रीम कोर्ट, देशभर में कार्रवाई के आदेश
देशभर में रिहायशी इलाकों में हो रहे अवैध व्यावसायिक उपयोग को लेकर सुप्रीम कोर्ट ने कड़ा रुख अपनाया है। अदालत ने स्पष्ट कहा है कि अब “अनधिकृत व्यावसायिक उपयोग बर्दाश्त नहीं किया जाएगा” और इस मामले में पूरे भारत में व्यापक कार्रवाई के निर्देश दिए गए हैं।
द एक्सपोज़ लाइव न्यूज़ नेटवर्क इंदौर
नीरज द्विवेदी (9993949000)
सुप्रीम कोर्ट ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की नगर निगमों और स्थानीय निकायों को आदेश दिया है कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में ऐसे मामलों की पहचान करें, जहां आवासीय भवनों का उपयोग दुकानों, कार्यालयों, क्लीनिक या अन्य व्यावसायिक गतिविधियों के लिए किया जा रहा है।
अदालत ने यह भी निर्देश दिया है कि इस तरह के उल्लंघनों की विस्तृत रिपोर्ट तैयार कर शपथपत्र के रूप में 15 मई 2026 तक जमा किया जाए।
कानून और जनहित का उल्लंघन
सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि रिहायशी क्षेत्रों को व्यावसायिक केंद्रों में बदलना न केवल कानून के खिलाफ है, बल्कि इससे वहां रहने वाले लोगों को भारी असुविधा होती है। साथ ही, इससे ट्रैफिक, पार्किंग और पर्यावरण जैसी समस्याएं भी बढ़ती हैं।
अदालत ने इस बात पर भी चिंता जताई कि कई जगह बिना अनुमति के पूरी इमारतों को व्यावसायिक उपयोग में बदल दिया गया है और प्रशासन की लापरवाही भी इसमें सामने आ रही है।
प्रशासन पर भी सख्ती
कोर्ट ने यह संकेत भी दिया है कि केवल अवैध निर्माण करने वालों पर ही नहीं, बल्कि ऐसे मामलों में ढिलाई बरतने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी भी तय की जाएगी।
सख्त कार्रवाई की संभावना
इस फैसले के बाद देशभर में अवैध दुकानों, दफ्तरों और अन्य व्यावसायिक इकाइयों पर सीलिंग और कार्रवाई तेज हो सकती है। पहले भी कई शहरों में ऐसी कार्रवाई देखने को मिल चुकी है, जहां रिहायशी भवनों में चल रहे व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को बंद कराया गया।
कुल मिलाकर, सुप्रीम कोर्ट का यह आदेश शहरी व्यवस्था को सुधारने और रिहायशी इलाकों की शांति बनाए रखने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है।
अभी हाल ही में इंदौर जोन 8 की भवन अधिकारी टीना सिसोदिया द्वारा महालक्ष्मी नगर,योजना 94 और विणा नगर में 16 होटल सील कर दी गयी हैं ,मामले म को कई बार एक्सपोज़ लाइव प्रमुखता से प्रकाशित कर चूका हे और रहवासियों को हो रही तकलीफ भी बयां कर चूका हे। अब कैसे और क्या रहत होटल संचालक ले कर आते हैं इसका भी खुलासा हम जल्द करेंगे और एक ऐसे गठबंधन को उजागर करेंगे जिससे सब कुछ साफ़ साफ़ दिखने लगेगा।