इंदौर में नशे के विरुद्ध निर्णायक अभियान शुरू
युवाओं को नशे की बढ़ती प्रवृत्ति से बचाने और समाज को ड्रग्स के दुष्प्रभावों से जागरूक करने के उद्देश्य से इंदौर जिले में सख्त कदम उठाए गए हैं। कलेक्टर शिवम वर्मा के नेतृत्व में “एक युद्ध नशे के विरुद्ध” अभियान को प्रभावी रूप से लागू करने के लिए विशेष टीमों का गठन किया गया है।
कलेक्टर शिवम वर्मा ने “ड्रग्स पर पूर्ण नियंत्रण” के लिए विशेष टीमों का किया गठन, विभागों को सख्त निर्देश
द एक्सपोज लाइव न्यूज नेटवर्क, इंदौर।
भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा वर्ष 2016 में स्थापित NCORD (नार्को समन्वय केंद्र) की चार स्तरीय संरचना के तहत केंद्र और राज्य सरकार के विभिन्न विभागों के बीच समन्वय स्थापित कर ड्रग्स नियंत्रण, विधिक प्रावधानों के पालन और जन-जागरूकता को सुनिश्चित किया जा रहा है। इसी क्रम में 31 जनवरी 2026 को आयोजित जिला स्तरीय NCORD समिति की महत्वपूर्ण बैठक में ठोस रणनीति तैयार की गई।
बैठक में आबकारी विभाग, आयुष विभाग, नारकोटिक्स विभाग के अधिकारियों के साथ इंदौर जिले के विभिन्न ड्रग्स औषधि निर्माता, आयातक, वितरक तथा अस्पताल प्रबंधन को आमंत्रित किया गया। कलेक्टर श्री वर्मा ने स्पष्ट निर्देश दिए कि इंदौर जिले में “ड्रग्स पर पूर्ण नियंत्रण” सुनिश्चित किया जाए और किसी भी स्तर पर अवैध गतिविधियों को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
आबकारी विभाग के कार्यपालिक अधिकारियों को ड्रग्स व्यवसाय से संबंधित इकाइयों का गहन निरीक्षण करने के आदेश दिए गए हैं। इसके साथ ही युवा वर्ग को नशे की बुराइयों से दूर रखने हेतु विभिन्न स्तरों पर कार्यशालाओं और जन-जागरूकता कार्यक्रमों का आयोजन भी सुनिश्चित किया गया है।
प्रशासन का स्पष्ट संदेश है कि इंदौर में नशे के खिलाफ यह अभियान केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि एक व्यापक और संगठित प्रयास है, जिसमें सभी संबंधित विभाग समन्वित रूप से कार्य करेंगे। जिला प्रशासन ने आमजन से भी अपील की है कि वे नशे के विरुद्ध इस अभियान में सक्रिय सहयोग दें और संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी प्रशासन को उपलब्ध कराएं।